Friday, February 13, 2026

ओपीनियन

बदहाल बिहार में फेल होती डबल इंजन की सरकार

(- सुशांत नेगी) बिहार बदहाल है। पिछले कई महीनों से बिहार से जिस तरह अपराध, हत्याएं, गुंडागर्दी और प्रशासनिक बदइंतजामी की खबरें आ रही है, उसने बीते सालों में बिहार की बदली हुई छवि को फिर से शर्मसार करना शुरू कर दिया है। बिहार के...

बोधगया महाविहार मुक्ति का आंदोलन और हिन्दू संगठनों की साजिश

बोधगया महाविहार को लेकर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला आया है। सुप्रीम कोर्ट ने बोधगया मंदिर अधिनियम, 1949 को रद्द करने से संबंधित याचिका की अंतिम सुनवाई 29 जुलाई 2025 को निर्धारित कर दी है। जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस प्रसन्ना बी. वराले...

एक फ्रेम में जस्टिस बी.आर. गवई और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, लोकतंत्र में क्या है इस तस्वीर के मायने

18 साल पहले 14 जनवरी 2007 की तारीख भारतीय इतिहास में दर्ज हो गई थी, जब जस्टिस के.जी. बालकृष्णन ने भारत के 37वें मुख्य न्यायाधीश के पद की शपथ ली। जस्टिस के. जी. बालकृष्णन की यह नियुक्ति भारतीय न्यायपालिका में एक ऐतिहासिक क्षण था,...

दलितों के बौद्ध धर्म में धर्मांतरण का उनकी मुक्ति में योगदान

 डॉ. बी.आर. अंबेडकर के मार्गदर्शन में दलितों का बौद्ध धर्म में धर्मांतरण, जिसकी परिणति 14 अक्टूबर, 1956 को नागपुर में सामूहिक धर्मांतरण कार्यक्रम में हुई, उनकी मुक्ति में एक महत्वपूर्ण क्षण था। इस आंदोलन को अक्सर अंबेडकरवादी या नव-बौद्ध आंदोलन कहा जाता है, जिसने दलितों को हिंदू धर्म में व्याप्त...

एक ठाकुर का प्रायश्चित

(लेखकः यशवंत) राम सिहासन प्रेम भइया रिटायर हो गए। वे मेरे गाँव के उन कुछ विशिष्ट लोगों में शामिल हैं, जो पढ़ लिखकर प्रशासनिक अफसर बने। आईएएस अफसर के पद से सेवानिवृत्ति ली। रेवन्यू बोर्ड में लंबे समय से थे। उसके पहले मुख्य विकास...

कश्मीर में आतंकी हमले के बीच उठते सवाल

जम्मू-कश्मीर का पहलगाम आतंकी हमले से ऐसा गूंजा है कि उसकी गूंज देश भर में महसूस की जा रही है। मंगलवार 22 अप्रैल को दोपहर तीन बजे के करीब हुए इस आतंकी हमले में 28 नागरिकों की जान चली गई। इसमें दो विदेशी पर्यटक...

टाटा कंस्लटेंसी सर्विसेज को कौड़ियों के भाव जमीन देना कितना जायज

अगर किसी कमजोर व्यक्ति के ऊपर बैंक के कुछ लाख रुपये बकाया हो जाए तो बैंक जब्ती के आदेश निकाल देती है। अगर कोई साधारण व्यक्ति बैंक से लोन लेने जाए तो उसे इतने पापड़ बेलने पड़ते हैं कि वह लोन की बात ही...

देश को मिलेगा दूसरा दलित चीफ जस्टिस, बी.आर. गवई के आने से क्या कुछ बदलेगा?

उच्चतम न्यायलय के न्यायाधीश बी.आर. गवई यानी भूषण रामकृष्ण गवई भारत के अगले मुख्य न्यायाधीश होंगे। वर्तमान मुख्य न्यायाधीश संजीव खन्ना ने केंद्रीय कानून मंत्रालय को उनके नाम का प्रस्ताव भेज दिया है। सीजीआई खन्ना 13 मई को रिटायर हो रहे हैं। इसके बाद...

फुले फिल्म पर सेंसरशिप से उठे सवाल, चुनिंदा सेंसरशिप क्यों?

‘द स्टोरीटेलर’ जैसे गुणवत्तापूर्ण, संवेदनशील और अर्थपूर्ण फिल्म बनाने वाले राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता अनंत महादेवन निर्देशित ‘फुले’ फिल्म प्रदर्शन से पहले ही जबरदस्त विवादों में फँस गई है। ‘फुले’ मूलतः 11 अप्रैल 2025 को प्रदर्शित होने वाली थी, लेकिन महाराष्ट्र की कुछ ब्राह्मण संघटनों...

कांग्रेस और डॉ. अंबेडकर को आमने-सामने खड़ा करने का भाजपाई षड्यंत्र

डॉ. अंबेडकर ही एक ऐसे महापुरुष हैं जिनका जन्मदिन, उनके जन्मदिन से पहले और सप्ताह और महीनों बाद तक मनाया जाता रहता है। संविधान निर्माण में डॉ. अम्बेडकर की भूमिका के बारे में कौन नहीं जानता? संविधान में बहुत सारे प्रावधान हैं लेकिन अभी...

यदि डॉ. आंबेडकर प्रधानमंत्री होते?

नेहरू की जगह सरदार पटेल पी.एम. होते तो देश के हालात कुछ और होते। ये सवाल नेहरू या कांग्रेस से नाराज हर नेता या राजनीतिक दल खासकर संघी/ जनसंघी/ भाजपायी हमेशा उठाते रहे हैं। समय समय पर समाचार पत्र और पत्रिकाओं में भी इसकी...

नफरत और समर्थन के बीच डॉ. आंबेडकर

बढ़ती आर्थिक असमानता अर्थशास्त्र में विकास के सकारात्मक सूचक के रूप में मानी जाती है। परंतु यह सिद्धान्त केवल पश्चिमी देशों में लागू होता है। भारत जैसे सोपानिक, जातीय रूप से विखण्डित समाज में आय और संसाधनों का असमान वितरण जातीय रूप धारण कर...

जोतीराव फुले: भारतीय पुनर्जागरण के असली पुरोधा

भारतीय पुनर्जागरण के पुरोधा राजा राममोहन राय, देवेन्द्र नाथ टैगोर, विवेकानंद और दयानंद सरस्वती नहीं, बल्कि जोतिराव फुले, शाहू जी, पेरियार, सावित्रीबाई फुले, ताराबाई शिंदे और पंडिता रमाबाई हैं। भारतीय पुनर्जागरण का केंद्र बंगाल नहीं, महाराष्ट्र है। इस पुनर्जागरण की नींव जोतीराव फुले ने...

क्या बौद्ध धर्म पर टिप्पणी कर फंस गए हैं अखिलेश यादव!

हम आपको अपना मानते हैं, तब भी जब आप हमारे ग्रंथों को अपना नहीं मानते। फिर भी हम हिन्दू वो लोग हैं, जो आपको स्वीकार करते हैं और गले लगाकर चलते हैं। वक्फ संशोधन बिल पर चर्चा के दौरान संसद में बौद्ध धर्म पर...

रिजर्व बैंक की स्थापना और अर्थशास्त्री डॉ. आंबेडकर का योगदान

आज एक अप्रैल है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया का स्थापना दिवस। वह रिजर्व बैंक जिसकी स्थापना में बाबासाहेब डॉ. आंबडेकर की अहम भूमिका थी। जी हां, बाबासाहेब आंबेडकर ने न सिर्फ भारतीय संविधान को बनाने में अहम भूमिका निभाई, बल्कि रिजर्व बैंक की स्थापना...

फ्रैंक हुजुर का दुनिया से जाना

नई सदी में हाशिये के समाज में जन्मे किसी लेखक के आकस्मिक तौर पर निधन से बहुसंख्य वंचित वर्गों के बुद्धिजीवी और एक्टिविस्टों को 6 मार्च, 2025 जैसा आघात कब लगा था, मुझे याद नहीं! उस दिन सुबह अपार प्रतिभा और अतुलनीय मेधा के...

विवादों में जगनमोहन रेड्डी, 500 करोड़ के भव्य महल पर उठे सवाल

जगन मोहन रेड्डी का भव्य महल, जिसे एक पूरे पहाड़ को समतल कर बनाया गया, राजनीतिक विलासिता और सार्वजनिक संसाधनों के दुरुपयोग का एक स्पष्ट उदाहरण है। 61 एकड़ में फैला यह आधुनिक किला सात आलीशान इमारतों से बना है, जिसमें ऐसी भव्य सुविधाएँ...

चमार स्टूडियो पहुंचे राहुल गांधी

कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने छह मार्चा को मुंबई के धारावी में चमार स्टूडियो के सुधीर राजभर से मुलाकात की है। इस मुलाकात पर राहुल गांधी ने लिखा- चमार स्टूडियो के संस्थापक सुधीर राजभर लाखों दलित युवाओं की कहानी...

महाबोधि मुक्ति आंदोलन पर चुप्पी से घिरे अठावले, किरेन रिजिजू और दिलीप मंडल

महाबोधि मुक्ति आंदोलन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर चुप्पी साधे रखना उन लोगों की दोहरी मानसिकता को उजागर करता है, जो केवल अवसरवादिता के आधार पर बौद्ध धर्म का नाम लेते हैं। नरेंद्र मोदी, जो अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत को बुद्ध की भूमि कहकर गौरव...
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January 26 and Ambedkar: The Unfinished Promise of the Indian Republic

Every year on January 26, India commemorates the adoption of its Constitution with ceremonial grandeur parades, patriotic speeches, and ritual invocations of nationalism. Yet,...

राजनीति

राज ठाकरे ने खोली अदानी की पोल

मुंबई/दिल्ली। महाराष्ट्र में 29 महानगरपालिकाओं के लिए चुनाव का प्रचार जोर पकड़ चुका है। इस चुनाव में ठाकरे बंधुओं की प्रतिष्ठा दांव पर लगी...
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