
नई दिल्ली। तमिलनाडु के तूतीकोरन में वेदांता के खिलाफ प्रदर्शन करने के दौरान पुलिस की मौजूदगी में मंगलवार को 11 लोगों की मौत हो गई. इसके बाद बुधवार को प्राप्त जानकारी के मुताबिक मद्रास हाईकोर्ट की मदुरै बेंच ने तूतीकोरिन में स्टरलाइट कॉपर यूनिट के निर्माण पर रोक लगा दी है. इस खूनी हिंसा को जालियावाला बाग कांड जैसा बताया जा रहा है.
आतंकवाद का क्रूर उदाहरण
इस घटना पर राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा, ‘तमिलनाडू में स्टरलाइट कॉपर यूनिट के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान पुलिस फायरिंग में 11 की मौत राज्य पोषित आतंकवाद का क्रूर उदाहरण है. इन नागरिकों की हत्या अन्याय के खिलाफ प्रदर्शन करने के लिए की गई. इन शहीदों और घायलों के परिवारों के प्रति मेरी संवेदना.’
नौ लाख मुआवजा
इससे पहले तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ई पलानीस्वामी ने 9 लोगों के मरने की पुष्टि की थी. उन्होंने कहा कि मृतकों के परिवारों को 9 लाख रुपये और घायलों को 4 लाख रुपये दिए जाएंगे. पुलिस सूत्रों का कहना है कि फैक्ट्री की तरफ बढ़ने से रोके जाने पर प्रदर्शनकारियों ने पथराव किया और पुलिस के वाहनों को पलट दिया. इसके बाद पुलिस ने बचाव के लिए फायरिंग की. हालांकि अभी तक इस बात की पुष्टि नहीं हो पाई है कि मृतकों की मौत किसकी गोली से हुई है.
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